
-*खड़खड़ी(हरिद्वार )श्मशान घाट में राजकीय सम्मान के साथ किया गया अंतिम संस्कार*
—*सेना एवं पुलिस के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर दी अंतिम सलामी*
—*मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर, सहित मंत्रीगण एवं जनप्रतिनिधि हुए शामिल*
देहरादून।
उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (से.नि) को हरिद्वार स्थित खड़खड़ी श्मशान घाट पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर भी मौजूद रहे।


मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (से.नि) की अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ पड़ा और हर वर्ग के लोगों ने नम आंखों से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।अंतिम संस्कार के दौरान सेना एवं पुलिस के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर उन्हें अंतिम सलामी दी। उनके पुत्र मनीष खंडूरी ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार की रस्म पूरी की।
92 वर्षीय पूर्व मुख्यमंत्री खंडूड़ी लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। मंगलवार को उन्होंने देहरादून में अंतिम सांस ली। सेना में बड़ी जिम्मेदारी से लेकर केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री तक उनका सफर शानदार रहा। पूर्व मुख्यमंत्री के निधन पर प्रदेश सरकार ने तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया है।
बुधवार को उनके वसंत विहार स्थित आवास पर
अंतिम दर्शन के लिए लोगों का तांता लगा रहा।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, राज्यपालn लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से.नि) एवं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को वसंत विहार, देहरादून में पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (सेवानिवृत्त) के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।


उपराष्ट्रपति सी.पी राधाकृष्णन ने शोक संतप्त परिजनों से मुलाकात कर अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की तथा दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
उसके बाद उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए भाजपा पार्टी मुख्यालय लाया गया जहां मुख्यमंत्री पुष्कर धामी सहित पार्टी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।
उनकी अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ पड़ा।
इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी जी का निधन राज्य और देश के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने सेना, केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री के रूप में पारदर्शिता और अनुशासन के साथ उत्कृष्ट कार्य किए। उन्होंने कहा कि वह हम सभी के लिए सदैव प्रेरणा स्रोत रहेंगे। उनकी कमी एक अभिभावक के रूप में हमेशा महसूस होगी।

केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी जी का जीवन सादगी, अनुशासन और ईमानदारी का उदाहरण रहा। उन्होंने मुख्यमंत्री, केंद्रीय मंत्री और सेना अधिकारी के रूप में हर दायित्व को पूरी निष्ठा से निभाया। उनके कार्यों को उत्तराखंड ही नहीं, पूरा देश हमेशा याद रखेगा। सुशासन और लोकपाल जैसे महत्वपूर्ण विचारों को आगे बढ़ाने में उनका योगदान प्रेरणादायक रहा।
इस अवसर पर पूर्व राज्यपाल महाराष्ट्र/पूर्व मुख्यमंत्री उत्तराखंड भगत सिंह कोश्यारी, पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा , डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, तीरथ सिंह रावत, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, महामंत्री संगठन अजेय कुमार, सांसद अनिल बलूनी, अजय भट्ट , कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, सतपाल महाराज, डॉ .धन सिंह रावत, गणेश जोशी, सौरभ बहुगुणा, मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा, खजान दास, विधायकगण, संतगण मौजूद थे।




